खगड़िया। रेल थाना खगड़िया कांड संख्या 90/2022 में शराब बरामदगी के मामले में न्यायालय ने अभियुक्त चंद्रशेखर मुखिया को दोषी करार देते हुए 5 वर्ष के साधारण कारावास की सजा सुनाई है। न्यायालय ने उस पर 1 लाख रुपये का जुर्माना भी लगाया है। जुर्माने की राशि जमा नहीं करने पर एक माह का अतिरिक्त साधारण कारावास भुगतना होगा।
न्यायालय के अभिलेख के अनुसार, यह मामला 11 जून 2022 को रेल थाना खगड़िया में दर्ज किया गया था। पुलिस अवर निरीक्षक कमलेश कुमार राय के लिखित आवेदन के आधार पर प्राथमिकी दर्ज की गई थी। पुलिस ने मामले में चंद्रशेखर मुखिया (35 वर्ष), पिता रामप्रवेश मुखिया, ग्राम गोदाम टोला डांठ, थाना बिरौल, जिला दरभंगा को गिरफ्तार किया था।
तीन बोतल शराब हुई थी बरामद
दस्तावेज के मुताबिक, अभियुक्त के कब्जे से Sterling Reserve Classic Blended Whisky की 750 एमएल की तीन बोतलें बरामद की गई थीं। जब्त शराब की कुल मात्रा 2.250 लीटर दर्ज है। तलाशी-सह-जप्ती सूची में शराब के बैच/निर्माण संबंधी विवरण तथा बोतलों की बरामदगी का उल्लेख किया गया है।
अभियोजन के अनुसार बरामद शराब बिहार में बिक्री के लिए वैध नहीं थी। इसी आधार पर अभियुक्त के खिलाफ बिहार मद्यनिषेध एवं उत्पाद अधिनियम, 2016 की धारा 30(a) के तहत कार्रवाई की गई।
खुले न्यायालय में सुनाया गया फैसला
मामले की सुनवाई करते हुए विशेष न्यायाधीश (उत्पाद)-2 प्रभाकर झा ने खुले न्यायालय में अभियुक्त को दोषी ठहराते हुए सजा सुनाई। सजा के बिंदु पर सरकार की ओर से विशेष लोक अभियोजक राजीव कुमार ने अपना पक्ष रखा, जबकि बचाव पक्ष की ओर से अधिवक्ता ने अभियुक्त का पक्ष रखा।न्यायालय के फैसले के बाद अभियुक्त को निर्धारित सजा भुगतनी होगी।

