पटना। नेपाल के उत्तरी हिस्से में बुधवार को आई अचानक फ्लैश फ्लड के बाद बिहार में भी बाढ़ के खतरे को लेकर हाई अलर्ट जारी किया गया है। नेपाल के जलग्रहण क्षेत्रों में आई बाढ़ का असर गंडक नदी के जलप्रवाह पर पड़ने की आशंका है। बिहार सरकार ने संवेदनशील इलाकों में निगरानी बढ़ा दी है।
गंडक किनारे छह जिले अलर्ट पर
गंडक नदी में अचानक जलप्रवाह बढ़ने की आशंका को देखते हुए पश्चिमी चंपारण, पूर्वी चंपारण, गोपालगंज, सारण, मुजफ्फरपुर और वैशाली में विशेष सतर्कता बरती जा रही है। प्रशासन को नदी के जलस्तर, तटबंधों और संवेदनशील इलाकों पर लगातार नजर रखने के निर्देश दिए गए हैं।
रिपोर्टों के अनुसार नेपाल के ऊपरी जलग्रहण क्षेत्र से आने वाले पानी के कारण गंडक में अचानक तेज बढ़ोतरी हो सकती है। इसी संभावना को देखते हुए NDRF और SDRF को तैयार रखा गया है।
CM सम्राट चौधरी ने अधिकारियों को किया अलर्ट
मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने स्थिति को लेकर अधिकारियों से जानकारी ली और प्रशासन को पूरी तरह अलर्ट रहने के निर्देश दिए हैं। सरकार का फोकस संभावित फ्लैश फ्लड की स्थिति में राहत एवं बचाव व्यवस्था को तत्काल सक्रिय करने पर है।
मुख्यमंत्री ने इससे पहले भी बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों का हवाई सर्वेक्षण कर राहत और बचाव कार्यों की समीक्षा की है। सरकार ने प्रभावित लोगों तक जरूरी सहायता पहुंचाने को प्राथमिकता बताया है।
NDRF-SDRF की टीमें तैयार
संभावित खतरे को देखते हुए NDRF की टीमें संवेदनशील क्षेत्रों के लिए रवाना की गई हैं, जबकि SDRF की टीमें भी तैनात हैं। अधिकारियों को किसी भी आपात स्थिति में तेजी से राहत-बचाव अभियान शुरू करने के लिए तैयार रहने को कहा गया है।
नेपाल में भारी तबाही
नेपाल के रसुवा क्षेत्र में आई फ्लैश फ्लड से सड़क, पुल और अन्य बुनियादी ढांचे को नुकसान पहुंचा है। इस घटना के बाद नेपाल से भारत की ओर आने वाली नदियों के जलप्रवाह पर भी नजर रखी जा रही है।
फिलहाल बिहार में सबसे ज्यादा निगरानी गंडक बेसिन से जुड़े छह जिलों पर है। प्रशासन लोगों से नदी, तटबंध और निचले इलाकों में अनावश्यक जोखिम न लेने तथा स्थानीय प्रशासन के निर्देशों का पालन करने की अपील कर रहा है।

